हैलो, मैं देवराज सिंह इंदौर से हूँ. आप सभी को मेरा नमस्कार. मैं इस साईट का बहुत पुराना पाठक हूँ. मुझे लगा कि मुझे भी अपने अन्य अनुभव आप लोगों से साझा करना चाहिए…
हैलो, मैं देवराज सिंह इंदौर से हूँ. आप सभी को मेरा नमस्कार. मैं इस साईट का बहुत पुराना पाठक हूँ. मुझे लगा कि मुझे भी अपने अन्य अनुभव आप लोगों से साझा करना चाहिए.
मेरी एक कहानी पहले भी आ चुकी है. दोस्त की बीवी की चुदाई. ये मेरी दूसरी सेक्स स्टोरी है.
मैं 23 साल का जवान लौंडा हूँ. मेरी हाईट 5 फिट 6 इंच है. मैं आकर्षक, गोरा हूँ.. भरा हुआ शरीर है.. पूरे 7 इंच का लम्बा और 2.5 इंच मोटा लंड है.
मेरे पास वाले फ्लैट में एक नई फैमिली आई है. उस फैमिली में सिर्फ पति पत्नी दो ही बन्दे रहते हैं. उनकी शादी अभी हाल में हुई है. मेरी उनसे बहुत अच्छी पहचान हो गई है. पति का नाम सुरेश है और वो एक सेल्स मैनेजर है.. भाभी का नाम श्वेता है. सुरेश भैया मुझे अपने भाई की तरह मानते हैं. उनका कोई भी सगा भाई या बहन नहीं है. श्वेता की और मेरी बहुत अच्छी दोस्ती हो गई है. हम कई बार अकेले रहते थे. सुरेश भैया तो अपने काम के सिलसिले में महीने में कम से कम 15-18 दिन आउट ऑफ़ सिटी रहते थे. वो मेरे भरोसे पर श्वेता को अकेले रहने देते थे.
मैं और श्वेता एक दूसरे से हंसी मजाक भी खूब करते हैं. श्वेता बहुत ही शरारती लड़की है. श्वेता की उम्र अभी केवल 20 साल है और उसका फ़िगर 34-28-36 का है. एकदम दूध सा गोरा रंग और गुलाबी होंठ है. श्वेता बहुत ही सेक्सी लगती है. मैं कभी उसे छू भी लेता तो वो मुझे कभी मना नहीं करती थी.
एक बार श्वेता ने मुझे शाम को खाना खाने बुलाया. उस समय सुरेश भैया दस दिनों के लिए टूर पर गए थे. मैं शाम को करीब 6:30 खाना खाने गया तो श्वेता खाना बना रही थी. उसने क्रीम कलर का गाउन पहना हुआ था, जिसमें उसकी ब्रा और पेंटी साफ़ नजर आ रही थी.
मैंने तो जिस दिन से उसे देखा था, उसे चोदने के लिए बेकरार था, लेकिन बस मौक़ा न मिल पाने के कारण अब तक कुछ नहीं कर पाया था.
उसने मुझसे बोला कि देव तुम कपड़े चेंज कर आओ, फिर आराम से बैठो.. अभी खाने में 30 मिनट लगेंगे.
मैं अपने फ्लैट में गया और कपड़े चेंज करके आ गया. फ़िर मैंने उससे पूछा कि मैं कोई मदद करूँ? तो वो मुस्कुराते हुए बोली कि आज तो मुझे तुम्हारी हेल्प की ज्यादा जरूरत पड़ने वाली है. मैंने पूछा- हां बताओ मुझे क्या करना है? तो वो मुस्कुराते हुए बोली कि बता दूंगी.
मैं समझ गया कि आज तो ये चुदवाने के मूड में दिख रही है.
मैं टीवी ऑन करके मूवी देखने लगा. थोड़ी देर के बाद वो खाना लेकर टेबल पर लगा गई और मुझसे बोली- बस दो मिनट और.. मैं कपड़े चेंज करके आती हूँ.
वो अन्दर गई और ब्लू कलर का एक स्लीवलेस गाउन पहन कर आ गई, जिसमें वो बहुत ही सेक्सी लग रही थी. इस गाउन में ऐसा लग रहा था कि उसके मम्मे ब्रा फाड़कर बाहर आना चाहते हों.
मैं उसे ललचाई नजरों से देखने लगा. वो मुस्कुरा दी. फिर दोनों ने खाना शुरू किया.. खाना खाते समय मैं उसके मम्मों को तिरछी निगाहों से देख रहा था. ये उसे भी समझ आ रहा था कि मैं उसके मम्मों को देख रहा हूँ. वो थोड़ी सी और झुकी तो उसके आधे मम्मे दिखने लगे. मेरी तो जैसे सांस हलक में आ गई.
वो मुस्कुराते हुए बोली कि ऐसे क्या देख रहे हो? तो मैंने बोला- कुछ भी नहीं. फ़िर वो बोली- मैं सब जानती हूँ.
ये कह कर वो मुस्कुराने लगी. हम दोनों ने खाना खाया और फ़िर थोड़ी देर टीवी देखने के बाद 8 बजे मैंने अपने कमरे में जाने का बोला.
तो वो बोली कि आज यहीं सो जाओ मुझे अकेले डर लगता है और आज सुरेश भी नहीं है.. प्लीज़ यहीं सो जाओ ना. मैंने कहा- ठीक है, लेकिन मैं कहां सोऊंगा? तो वो बोली कि तुम यहीं इसी बेड पर मेरे साथ सो जाना. मैंने बोला- ठीक है.
हम दोनों 10 बजे तक टीवी देखते रहे और बातें करते रहे. फ़िर मुझे पता ही नहीं चला कि कब मुझे नींद आ गई. रात को मुझे बाथरूम लगी तो मैं जाने के लिए उठा. तो मैंने देखा कि श्वेता भी मेरे पास ही सो गई है.
ये देखते ही मेरा लंड खड़ा हो गया. मैंने सोचा कि आज तो इसे चोद कर ही रहूँगा. मैं बाथरूम से आने के बाद वापस लेट गया और एक हाथ उसके मम्मे पर रख दिया. वो सो रही थी, फ़िर मैं उसके मम्मों को सहलाने लगा. वो तब भी नहीं जागी तो मैं उसकी जाँघों को सहलाने लगा. अब उसने मुझे देख लिया.
उसकी आँखें खुलते ही मैं चुपचाप सो जाने का नाटक करने लगा. तो वो कुछ नहीं बोली और फ़िर से सो गई.
थोड़ी देर के बाद उसने मेरे लंड पर अपना हाथ रख दिया और लंड सहलाने लगे. मैं ऐसे ही लेटा रहा और जब उसे लगा कि मैंने सो गया हूँ तो जरा मस्ती से लंड पर अपना हाथ चलाने लगी.
अब मैं अपने आप को रोक नहीं पाया. उसे अपनी बांहों में ले लिया और उसके गुलाबी होंठों को चूमने लगा. वो भी मेरा साथ देने लगी.
थोड़ी देर के बाद वो बोली- मुझे तुमसे प्यार हो गया है.. मुझे तुम्हारा लंड बहुत पसंद है.
हम दोनों एक दूसरे को चूमते चाटते रहे. उसने मेरे सारे कपड़े उतार दिए. सिर्फ मेरी अंडरवियर रह गई थी. मैंने उसे मना कर दिया. फ़िर मैंने भी उसे पूरी तरह से नंगा कर दिया. उसके कमरे के नाईट लैम्प के रोशनी में मैंने उसका गोरा बदन देखा, बिल्कुल हीरे की तरह चमक रहा था. उसने भी मुझे पूरा नंगा कर दिया और मेरे लंड देख कर बोली- तुम्हारा लंड तो बहुत मोटा और लम्बा है. मेरे पति का लंड तो आपके लंड से आधा ही होगा. वो मुझे कभी भी संतुष्ट नहीं कर पाया देव.. आज तुम मेरी प्यास बुझा दो.
ये कहते हुए उसने मेरा लंड पकड़ लिया और प्यार करने लगी. मैंने भी उसके दोनों दूध थाम लिए और दूध चूसते हुए श्वेता को प्यार करने लगा. हम दोनों बिल्कुल मदहोश हुए जा रहे थे. उसके 34 इंच के दूध बड़े मस्त थे. एक दूध मेरे मुँह में था और एक हाथ में था. वो मेरे लंड को सहलाए जा रही थी. हम दोनों ने काफी देर तक चूमा चाटी की. उसने मेरा लगभग पूरा बदन चूमा. मैंने भी उसके पूरे बदन बड़ी बेताबी से चूमा.
इसके बाद जब चुदास चरम पर आने लगी तो मैंने उसके दोनों पैरों को फैलाया और उसकी चुत को चाटने लगा. उसकी चुत पर एक भी बाल नहीं था. मैंने उसकी चुत को चाट चाट कर गुलाबी कर दिया. वो भी चूत चटवाने से एकदम गरम हो गई थी और उसने अकड़ते हुए अपना पानी छोड़ दिया. मैं उसकी चूत का पूरा रस पी गया.
वो कुछ देर के लिए ठंडी हो गई थी. लेकिन लगातार चूत चाटते रहने से वो फिर से भड़क उठी और बोलने लगी- प्लीज़ देव जल्दी करो.. मैं अब और नहीं रुक सकती.
मैंने कहा- यार मैंने चूत चाटी है.. प्लीज़ तुम भी एक बार मेरा लंड चूसो न. वो बोली- मैंने आज तक कभी लंड को मुँह में नहीं लिया है. मैंने कहा कि आज मेरे लंड को अपने मुँह में ले लो.
उसने मेरे लंड मुँह में ले लिया. धीरे धीरे उसे भी लंड चूसने में मज़ा आने लगा. अब तो वो लंड को बड़े मजे से चूसने चाटने लगी. थोड़ी देर के बाद मैंने अपना सारा रस उसके मुँह में डाल दिया.
वो भी लंड चूसने में इतनी मस्त थी कि वो पूरा का पूरा रस पी गई और फ़िर मुस्कुराते हुए बोली- मुझे तुम्हारा रस बहुत ही अच्छा लगा.
अब हम दोनों फ़िर से 69 की पोजीशन में हो गए. मैं उसकी चुत को चूसने लगा और वो मेरे लंड को फ़िर से चूसने लगी. कुछ ही देर के बाद मेरा लंड फ़िर से खड़ा हो गया. मैंने सीधे होकर उसके दोनों पैरों को फैलाया और उसकी चुत पर अपना लंड रख दिया.
मेरे लंड का सुपारा बड़ा मोटा है और इसलिए सुपारे को चूत की फांकों में लगाने से ही उसकी चुत ढंक चुकी थी. कुछ पल मैं उसकी आँखों में आँखें डाल कर उसकी चुत पर अपना लंड ऐसे ही रगड़ता रहा.
दो पल में ही वो बेचैन होकर बोली- देव प्लीज़ जल्दी से मेरी चुत में अपना लंड डाल दो.
मैंने उसकी गांड के नीचे एक तकिया लगाया और थोड़ा सा ही जोर लगाया तो मुझे समझ आ गया कि उसकी चुत एकदम कसी हुई है. अब मैंने थोड़ा जोर लगाया और लंड के अन्दर जाने के बाद उसको देखा तो वो थोड़ा दर्द झेलती हुई सी लगी. मैंने उसे पकड़ा और एक जोरदार धक्का मार दिया. मेरे इस तगड़े शॉट से भी उसकी चुत में मेरा लंड सिर्फ 3 इंच ही घुस पाया.
उसी वक्त उसके मुँह से जोरदार चीख निकल पड़ी- आआह.. ऐईईईईइ मार डाला.. प्लीज़ निकाल लो.. मैं मर जाऊंगी.
लेकिन मैं नहीं रुका और मैंने जोर जोर से 3-4 धक्के दे मारे. इस कारण मेरा लंड उसकी चूत में 5 इंच तक अन्दर कर दिया.
वो और जोर से चीख पड़ी- आआआह.. आईईई.. माँआ.. माआअर डाला देव.. मेरी चुत फट गई. मैंने बोला- कोई बात नहीं डार्लिंग.. थोड़ी देर रुको. लेकिन वो दर्द से तड़फ रही थी. वो बोली- प्लीज़ निकालो पहले.
उसकी चुत से खून बाहर आ रहा था. मैं एक बार तो चौंक गया कि क्या इसके पति के पास लंड ही नहीं है. फिर मैंने सोचना बंद कर दिया. अब मैं उसके मम्मों को सहलाने लगा और उसके होंठों को चूमने लगा. थोड़ी देर तक मैं इसी तरह से शांत लेटा रहा.
फ़िर मैंने धीरे धीरे लंड को उसकी चुत के अन्दर बाहर करना शुरू कर दिया. बस थोड़ी देर के बाद वो सामान्य हो गई और मेरा साथ देने लगी. अब वो भी अपनी गांड नीचे से उछाल उछाल कर चुदवाने लगी.
मैंने उसको आँख मारी तो फिर वो मुस्कुराते हुए मुझसे बोली- तुमने तो मुझे मार ही डाला था.. तुम्हारा लंड तो बहुत ही मोटा और लम्बा है. फ़िर मैंने बोला- अभी पूरा अन्दर नहीं गया है.. अब पेल रहा हूँ.
अभी वो कुछ कहती कि मैंने उसको पकड़ा और एक जोरदर धक्का दे मारा. वो फ़िर से चीख पड़ी- ऊऊईईई माँआ मर्रर्रर्रर्र गई.. फाड़ दी मेरी चुत.. देव धीरे करो ना..
मैंने कहा- अब पूरा चला गया.
फ़िर मैं लंड को अन्दर बाहर करने लगा. थोड़ी देर के बाद उसे भी मजा आने लगा और वो भी मेरा साथ देने लगी. थोड़ी देर चोदने के बाद उसका पानी निकल गया. चिकनाई हो जाने के कारण बड़े मजे से लंड अन्दर बाहर सटासट हो रहा था. मैंने उसको चोदने को रफ्तार बढ़ा दी.
फ़िर 20-25 मिनट के बाद मैंने भी अपना पूरा का पूरा रस उसकी चुत में ही छोड़ दिया. हम दोनों एक दूसरे को चूमने चाटने लगे. मैं उठा और बाथरूम में जाने लगा.
वो बोली- देव मुझसे भी साथ ले चलो क्योंकि मैं चल नहीं पा रही हूँ.
मैं उसे अपनी गोद में उठाकर बाथरूम में ले गया. उसकी चुत पूरी खून से लथपथ थी. मेरा लंड भी लाल हुआ पड़ा था. उसने मेरे लंड को पानी से साफ़ किया और मैंने उसकी चुत को साफ़ किया.
हम दोनों फ़िर से बिस्तर पर जाकर लेट गए. थोड़ी देर के बाद वो मुझे चूमने चाटने लगी. मुझसे कहने लगी- देव मुझे तुम्हारा लंड बहुत पसंद आया है.. और तुम बहुत अच्छे से चोदते हो.
ये कह कर वो मेरे लंड को प्यार करने लगी और मुँह में लेकर चूसने लगी. हम दोनों फिर से 69 की पोजीशन में हो गए. थोड़ी देर तक मैं उसकी चुत चूसता रहा. उसने जल्दी ही अपना पानी छोड़ दिया.
कुछ देर रुकने के बाद मैंने उसे डॉगी स्टाइल में चोदना शुरू कर दिया. मैंने पीछे से उसकी चुत पर अपना लंड रखा और एक जोरदार धक्का दे मारा.
इस झटके में मेरा लंड 4 इंच अन्दर चला गया.
उसकी जोर से चीख निकल उठी- आआआह.. आऐईईइ मार ही डालोगे क्या.. धीरे धीरे करो ना..
मैं उसके मम्मों को सहलाने लगा और उसके शांत होते ही मैंने फ़िर से एक और जोरदार धक्का दे मारा. इस धक्के ने मेरे पूरे लंड को उसकी चूत के अन्दर पेल दिया था.
वो फ़िर से चीख उठी- ऊऊऊ ऊईईईईईईई म्मम्म आआआह.. मअर्रर्र गई.
मैं उसे चोदने लगा और फ़िर धीरे धीरे वो भी सामान्य हो गई और मेरा साथ देने लगी. दस मिनट चोदने के बाद उसका पानी निकल गया.
लेकिन मैं उसे इसी तरह चोदता रहा. फ़िर मैंने आसन बदला और अब उसे अपने ऊपर ले लिया. वो अपने दोनों पैर फैला कर मेरे लंड पर बैठ गई. मैंने नीचे से धक्का मार कर अपना पूरा लंड चूत के अन्दर फिट कर दिया.
उसकी फ़िर से चीख निकली- ऊऊईईईई माँआ.. मर्रर्रर्रर्र गई.
मैं उसके चूचों को सहलाने लगा और बोला- कैसा लग रहा है? तो वो बोली- मुझे तो जन्नत की सैर होती सी लग रही है. ऐसा मज़ा तो मुझे मेरे पति कभी नहीं दिया.
मैंने अपने लंड को एक ठोकर मारी तो वो ऊह.. करते हुए मुस्कुराई और बोली- देव मुझे चोद डालो फाड़ दो मेरी चुत को.. आह.. और जोर से चोदो मुझे..
मैं उसे तेजी से चोद रहा था. फ़िर मैं उसके मम्मों को और होंठों को चूसते हुए चोदने लगा. उसे भी मम्मे चुसवाते हुए चुदने में मजा आ रहा था.
इसी तरह मैं उसे देर तक चोदता रहा. वो फिर से झड़ गई. मैं उसे 30-40 मिनट तक चोदता रहा और फ़िर मेरा भी रस निकल गया. मेरे रस से उसकी पूरी चुत लबालब भर गई. हम दोनों दो बार की चुदाई से थक गए थे, इसलिए थोड़ी देर नंगे ही सो गए. रात भर में मैंने उसे 4 बार चोदा.
फ़िर सुबह वो उठी तो मुझसे बोली- देव मैं ठीक से चल नहीं पा रही हूँ.. मुझे नहाना है.
हम दोनों ने साथ में ही नहाया. मैंने उसके पूरे बदन पर साबुन लगाया और उसने मेरे बदन पर साबुन लगाया. हम दोनों एक दूसरे को चूमने चाटने लगे. वो मेरे लंड को सहलाने लगी. मैं भी उसकी चुत को सहलाने लगी. वो नीचे झुक कर मेरा लंड चूसने लगी.
थोड़ी देर तक लंड चूसने के बाद मैंने उसको बाथरूम में ही डॉगी स्टाइल में चोदना शुरू कर दिया और 20-25 मिनट चोदने के बाद हम दोनों झड़ गए.
फिर हम नहाए और बाहर आ गए. वो नाश्ता बनाने चली गई. उसने सिर्फ लाल रंग की ब्रा और पेंटी पहनी थी, जिसमें वो बहुत ही सेक्सी लग रही थी. मैंने उसके किचन में ही उसकी ब्रा और पेंटी निकाल कर उसको नंगा कर दिया और उसके मम्मों को चूसने लगा. वो फिर से गरम हो गई. मैंने उसे किचन की स्लैब पर बिठा दिया और फ़िर उसके दोनों पैरों को अपने कंधों पर रख कर उसकी चुत पर लंड रख दिया. इसके बाद 3-4 धक्कों में ही मैंने पूरा लंड उसकी चूत में अन्दर पेल दिया. इस आसन में लंड ने हाहाकार मचा दिया था.
उसके मुँह से चीख निकल गई- ऊऊऊऊ उईईईई म्मम्मर गई.. आआह.. उम्मम्मा.. आआह.. धीरे देव धीरे करो ना..
लेकिन मैं उसे चोदता रहा और 20 मिनट तक हचक कर चोदने के बाद ही रुका. वो अब तक 3 बार झड़ चुकी थी.
फ़िर हम दोनों ने नाश्ता किया और थोड़ी देर आराम करने के बाद मैं बाजार से एक ब्लू फिल्म की सीडी लाया. हम दोनों ने साथ में मूवी देखना शुरू की. मूवी चले दो मिनट भी नहीं हुए थे कि हम दोनों एक दूसरे को रोक नहीं सके. हम दोनों ने एक दूसरे को नंगा कर दिया और चूमने चाटने लगे.
श्वेता मेरे लंड को चूसने लगी. फ़िर मैंने उसे डॉगी स्टाइल में उसकी गांड में अपना लंड पेलने लगा. उसे बहुत ज्यादा दर्द हो रहा था. वो मना करने लगी. मैंने उसे जैसे तैसे मनाया और धीरे धीरे उसकी गांड में लंड डालना चालू किया.
अभी सिर्फ मेरे लंड का टोपा ही अन्दर गया था कि वो चीखने चिल्लाने लगी और बोली- मुझे नहीं मरवाना गांड.
मैंने उसके मम्मों को पकड़ा और जोर जोर से धक्के देता चला गया. मैंने पूरा का पूरा लंड उसकी गांड में डाल दिया
उसके मुँह से जोर से चीख निकल गई- आआआहह.. आऐईईईइ मर गई.. आआह मार डाला देव.. मैं मर गई.. ऊऊऊ ऊऊईईई ईईईई माँआअन्न.. मार डाला.
फिर 10-12 मिनट के बाद वो चुप हो गई और मेरा साथ देने लगी. इस तरह मैं उसकी गांड मारने लगा.
करीब 20-30 मिनट तक मैं उसकी गांड मारता रहा. फिर लंड को गांड से निकाल कर पीछे से ही चूत में लंड पेल दिया. पांच मिनट तक उसकी चुत चोदने के बाद मैंने उसकी चुत में ही पानी छोड़ दिया. दिन में 2 बजे तक मैंने उसकी गांड को 3 बार मारा.
फ़िर हम दोनों सो गए. शाम को खाना खाने बाहर चले गए. रात को 8 बजे से हम दोनों नंगे ही लेट गए और बातें करने लगे.
फ़िर कुछ देर बाद हम दोनों ने एक दूसरे को चूमना चाटना शुरू कर दिया.
मैंने उस रात श्वेता को 4 बार चुत तरफ से चोदा और 2-3 बार उसकी गांड मारी. सुबह फ़िर से मेरे ऊपर चढ़ कर उसने मेरा लंड अपनी चूत के अन्दर ले लिया. लेकिन वो इतनी चुदाई के बाद ठीक से लंड अन्दर नहीं ले पा रही थी. उसे थोड़ा दर्द हो रहा था.
मैंने उसका साथ दिया और उसकी चुत पर स्ट्रोक लगाने शुरू कर दिए.
वो मादक सिसकारियां लेते हुए ‘स्ससीईईईई ईइस्स स्सस उफ़्फ़फ़ उफ़्फ़ क्या लंड है देव.. काश मैंने तुमसे शादी की होती.. उईईई माँआआन्न मार डाला देव.. और ज़ोर से चोदो मुझे..’
इस तरह श्वेता को चोदते चोदते मैंने रस उसकी चुत में ही डाल दिया.
हम दोनों ने साथ में नहाने के बाद आराम किया और खाना खाया.
फ़िर हम दोनों सो गए और शाम को 4 बजे हम दोनों एक दूसरे को चूमने चाटने के साथ ही फिर से चुदाई का प्रोग्राम चालू कर दिया.
श्वेता इसनी मस्त थी कि वो चुदते हुए मादक सिसकारियां ले रही थी- उफ़्फ़फ़ उफ़्फ़ क्या लंड है देव तुम्हारा.. दिल करता है तुमसे दिन रात चुदवाती रहूँ.
मैंने उसे शाम से लेकर सुबह तक कई बार चोदा और 3 बार उसकी गांड भी मारी.
वह बोली- आज तुमने मुझे वो मज़ा दिया है, जिसके सपने मैंने बचपन से देखे थे.. आई लव यू देव..
— Free Sex Kahani

Ye kahani padh kar bahut accha laga, keep it up.
Ekdum zabardast! Maine ek hi saans mein padh li.
Ekdum zabardast! Maine ek hi saans mein padh li.
Ye kahani save kar li maine, dobara padhunga.
Bohot real lagi ye story, dil khush ho gaya.
Mast story thi, aur bhi aise likhte raho.
Kya twist tha kahani mein, maza aa gaya.
Ekdum zabardast! Maine ek hi saans mein padh li.
Mast story thi, aur bhi aise likhte raho.
Aur stories bhi daalo is topic pe please.
Aur stories bhi daalo is topic pe please.
Itni lambi kahani bhi bore nahi hui, likhne ka talent hai aapme.
Ye kahani padh kar bahut accha laga, keep it up.
Real experience jaisa laga padh kar.
Kya baat hai bhai, itni achi kahani bahut din baad padhi.
Ekdum zabardast! Maine ek hi saans mein padh li.
Full paisa vasool story! Keep writing.
Bahut hi umda kahani thi, thanks for sharing.